13 जुलाई 2014 - 19:34
ग़ज़्ज़ा पर बर्बरता, ईरानी पार्लियामेंट ने की आलोचना।

इस्लामी रिपब्लिक ईरान की पार्लिमेंट के सदस्यों नें एक बयान में ग़ज़्ज़ा पर ज़ायोनी सरकार के वहशियाना हमलों की आलोचना करते हुए फ़िलिस्तीनी जनता, मुख्य रूप से ग़ज़्ज़ा के नागरिकों का भरपूर समर्थन करने का ऐलान किया है।

इस्लामी रिपब्लिक ईरान की पार्लिमेंट के सदस्यों नें एक बयान में ग़ज़्ज़ा पर ज़ायोनी सरकार के वहशियाना हमलों की आलोचना करते हुए फ़िलिस्तीनी जनता, मुख्य रूप से ग़ज़्ज़ा के नागरिकों का भरपूर समर्थन करने का ऐलान किया है। ईरान की पार्लियामेंट के बयान में कहा गया है कि रमज़ानुल मुबारक में ज़ायोनी सरकार की तरफ़ से ग़ज़्ज़ा के मज़लूम लोगों का नरसंहार, अमरीका और उसके सहयोगियों के साथ से हो रहा है और इस बीच कुछ अरब इस्लामी देशों की ख़ामोशी आश्चर्य की बात है। इस बयान में ज़ोर देकर कहा गया है कि अमरीका, ब्रिटेन और ज़ायोनी सरकार, अपने क्षेत्रीय सहयोगियों की मदद और सालों की कमाई के बाद भी सीरिया में हार का सामना कर चुका है और उसके बाद एक सोची समझी साज़िश के तहत इस संकट को इराक़ की तरफ़ मोड़ दिया है ताकि ज़ायोनी सरकार के लिये ग़ज़्ज़ा पर हमले और फ़िलिस्तीनियों के नरसंहार के लिये पृष्ठभूमि तैयार की जा सके। ईरान की पार्लियामेंट के सदस्यों नें अपने बयान में संयुक्त राष्ट्र के जनरल सिक्रेट्री से मांग की कि वह ग़ज़्ज़ा की मज़लूम जनता के नरसंहार को रोकने के लिये फ़ौरन क़दम उठाए और ज़ायोनी सरकार के साथ युद्ध अपराध करने वाले देश की तरह व्यवहार किया जाए।