6 फ़रवरी 2014 - 20:30
साम्राज्यवादी शक्तियों का मुक़ाबला करने के लिए एकजुट होना ज़रूरी

इस्लामी गणतंत्र ईरान के संसद सभापति डाक्टर लारीजानी ने कहा है कि साम्राज्यवादी शक्तियों का मुक़ाबला करने के लिए मुसलमानों को एकजुट हो जाना चाहिए।

इस्लामी गणतंत्र ईरान के संसद सभापति डाक्टर लारीजानी ने कहा है कि साम्राज्यवादी शक्तियों का मुक़ाबला करने के लिए मुसलमानों को एकजुट हो जाना चाहिए।संसद सभापति अली लारीजानी ने शुक्रवार को ट्यूनीशिया की संसद में संविधान के जश्न में भाषण देते हुए कहा कि इस्लामी देशों की समस्याओं के समाधान का एक मात्र मार्ग मुसलमानों की एकता है। उन्होंने कहा कि यदि मुस्लिम राष्ट्रों के बीच एकता हो तो साम्राज्यवादी शक्तियां अपनी इच्छाएं उन पर थोप नहीं सकेंगी। डाक्टर लारीजानी ने अपने भाषण में ट्यूनीशिया का नया संविधान पास होने पर इस देश के अधिकारियों को बधाई दी और कहा कि क्षेत्रीय देशों में जो क्रान्तियां आईं उनके बाद भी अमरीका और इस्राईल ने यह प्रयास किया कि कुछ क्रान्तियों को उनके मार्ग से विचलित कर दें और विफल बना दें ताकि इस्राईल इसका लाभ उठा सके।डाक्टर लारीजानी नेक हा कि उन्होंने इस्लामी गणतंत्र ईरान का प्रतिनिधित्व करते हुए ट्यूनीशिया के नए संविधान के उत्सव में भाग लिया है क्योंकि ट्यूनीशिया की जनता की क्रान्ति एक महान क्रान्ति थी जिसने इस देश की जनता को तानाशाही से मुक्ति दिलाई और दूसरी ओज्ञ इस्लामी जगत में एक नई लहर उत्पन्न कर दी और दूसरे देश भी हरकत में आ गए।डाक्टर लारीजानी ने कहा कि इस समय इस्लामी जगत में दो विषय हैं जो बहुत अधिक दबाव का कारण बने हैं एक तो बड़ी शक्तियां हैं जो बाहर से इन देशों पर अपना दबाव डाल रही हैं औज्ञ दूसरे चरमपंथी और आतंकवादी हैं और जिन्हें बड़ी शक्तियों का समर्थन प्राप्त है और वे भीतर से इस्लामी देशों को क्षति पहुंचा रहे हैं। डाक्टर लारीजानी ने कहा कि इस्लामी समुदाय के बीच मतभेद से अमरीका और ज़ायोनी शासन को लाभ पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि ईरान ट्यूनीशिया की क्रान्ति शुरू होते ही पहले से दिन से इस देश का साथ था और आज भी इस देश के साथ खड़ा है।