22 जनवरी 2014 - 20:30
मिस्र में हालात लगातार गंभीर।

मिस्र में अपदस्थ राष्ट्रपति के समर्थकों नें एक बार फिर फ़ौज का समर्थन पा रही सरकार के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिये हैं।

मिस्र में अपदस्थ राष्ट्रपति के समर्थकों नें एक बार फिर फ़ौज का समर्थन पा रही सरकार के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिये हैं।विभिन्न शहरों में यह विरोध प्रदर्शन सन् 2011 के इन्क़ेलाब की वर्षगाँठ से कुछ दिन पहले हुए हैं जिसके परिणाम स्वरूप हुस्नी मुबारक के तीस साल की तानाशाही का अन्त हो गया था। बुधवार की रात प्रदर्शनकारी मिस्र की राजधानी क़ाहेरा की सड़कों पर आए और उन्होंने तलअतुल हरब स्क्वाएर की तरफ़ मार्च किया। प्रदर्शनकारियों नें इस अवसर पर अपने देश आन्तरिक मामलों में विदेशी हस्तक्षेप की आलोचना की और अमरीकी झंडे को जलाया। पुलिस नें प्रदर्शन कारियों को खदेड़ने के लिये आँसू गैस के गोले फेंके और पानी की बौछार भी की।क़ाहेरा से 75 किलोमीटर दूर स्थित मंसूरा शहर में भी छात्रों नें सड़कों पर निकल मार्च किया और फ़ौज का समर्थन पा रही सरकार के ख़िलाफ़ नारेबाज़ी की।