डाक्टर हसन रूहानी ने बुधवार को स्वीज़रलैंड के दावोस नगर रवाना होने से पूर्व पत्रकारों से बात करते हुए इस बात की आशा जताई कि जेनेवा-2 सम्मेलन सीरिया में शांति स्थापित करने में सहायक होगा किंतु इसी के साथ उन्होंने कहा कि मौजूद प्रमाणों से ईरान को इस बात की आशा नहीं है कि इस सम्मेलन का कोई परिणाम निकलेगा क्योंकि इसमें ऐसे देश भी उपस्थित जिन्होंने सीरिया में अस्थिरता उत्पन्न की है। राष्ट्रपति ने बल देकर कहा कि इस्लामी गणतंत्र ईरान, क्षेत्र में शांति व स्थिरता की स्थापना तथा आतंकवाद से संघर्ष का इच्छुक है। श्री रूहानी ने इसी प्रकार इस बात का उल्लेख करते हुए कि दावोसा का अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक फ़ोरम, विश्व के सबसे प्रभावी सम्मेलनों में से एक है, कहा कि यह सम्मेलन इस बात का एक उचित अवसर है कि जून 2013 में हुए राष्ट्रपति चुनाव के बाद संसार ईरान के नए चेहरों को पहचाने और ईरान के साथ आर्थिक सहयोग पर अधिक ध्यान दे
21 जनवरी 2014 - 20:30
समाचार कोड: 499174
डाक्टर हसन रूहानी ने बुधवार को स्वीज़रलैंड के दावोस नगर रवाना होने से पूर्व पत्रकारों से बात करते हुए इस बात की आशा जताई कि जेनेवा-2 सम्मेलन सीरिया में शांति स्थापित करने में सहायक होगा किंतु इसी के साथ उन्होंने कहा कि मौजूद प्रमाणों से ईरान को इस बात की आशा नहीं है कि इस सम्मेलन का कोई परिणाम निकलेगा