19 अक्टूबर 2013 - 20:30
सऊदी अरब में महिलाओं के अधिकारों का हनन।

बश्शार जाफ़री नें आज महिला सुरक्षा और शांति के शीर्षक पर आयोजित काँफ़्रेंस में कहा कि आले सऊद की सरकार महिलाओं को कम से कम अधिकार देने पर भी राजी नहीं है जिससे सऊदी अरब में प्रतिदिन विरोध प्रदर्शन होते रहते हैं।

संयुक्त राष्ट्र में सीरिया के राजदूत नें कहा है कि सऊदी अरब में बड़े स्तर पर महिलाओं के अधिकारों का हनन किया जा रहा है। सीरिया के टीवी की रिपोर्ट के अनुसार बश्शार जाफ़री नें आज महिला सुरक्षा और शांति के शीर्षक पर आयोजित काँफ़्रेंस में कहा कि आले सऊद की सरकार महिलाओं को कम से कम अधिकार देने पर भी राजी नहीं है जिससे सऊदी अरब में प्रतिदिन विरोध प्रदर्शन होते रहते हैं।बश्शार जाफ़री नें कहा कि सीरिया के संकट के नाम पर ऐसे अपराध देखने में आए हैं जो अमानवीय और अन्तर्राष्ट्रीय क़ानूनों के ख़िलाफ़ हैं और यह अपराध तकफ़ीरी गिरोह अपने साथ लेकर आए हैं। उन्होंने कहा कि तकफ़ीरी संगठन, वहाबी विचार को मानने वाले हैं और उन्हें पूरी दुनिया से इकट्ठा करके सीरिया भेजा जा रहा है। संयुक्त राष्ट्र में सीरिया के प्रतिनिधि नें कहा कि वहाबी जीवन शैली महिलाओं को किसी तरह का अधिकार नहीं देता है और इन लोगों को सऊदी अरब, क़तर और ज़ायोनी सरकार का समर्थन प्राप्त है। उन्होंने पड़ोसी देशों में सीरिया के नागरिकों के पनाह लेने वालों की स्थिति पर चिंता जताई। स्पष्ट रहे कि सीरिया में सक्रिय आतंकवादियों को अमरीका, सऊदी अरब, तुर्की और क़तर का समर्थन प्राप्त है।