29 जुलाई 2012 - 19:30

ईरान की संसद की विदेश नीति और राष्ट्रीय सुरक्षा आयोग के सदस्य महदी दवातिगरी ने फार्स की खाड़ी में हथियारों की दौड़ को अमेरिकी षड़यंत्र का नतीजा और क्षेत्र के लिए खतरा बताया....

ईरान की संसद की विदेश नीति और राष्ट्रीय सुरक्षा आयोग के सदस्य महदी दवातिगरी ने फार्स की खाड़ी में हथियारों की दौड़ को अमेरिकी षड़यंत्र का नतीजा और क्षेत्र के लिए खतरा बताया।महदी दवातिगरी ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि मध्य पूर्व और फार्स की खाड़ी के अरब देशों के बीच हथियारों की दौड़, क्षेत्र को अस्थिर करने के लिए अमरीकी षड्यंत्रों का परिणाम है।द्वातिगरी ने अमेरिका की फार्स की खाड़ी के देशों को हथियार बेचे जाने की स्कीम की ओर संकेत करते हुए कहा कि पश्चिमी देश ईरान से भयभीत करने की नीति पर अमल करके फार्स की खाड़ी और मध्य पूर्व के कुछ अरब देशों से अवैध वित्तीय लाभ उठाने की कोशिश कर रहे हैं।ईरान की संसद की विदेश नीति और राष्ट्रीय सुरक्षा आयोग के सदस्य ने विभिन्न सैन्य क्षेत्रों में ईरान की मजबूत स्थिति पर ताकीद करते हुए कहा कि ईरान, धमकियों की तुलना में रक्षा प्रतिरोध पर भरोसा करता है और क्षेत्र में हथियारों की दौड़ से भयभीत नहीं है बल्कि हथियारों के खरीदार देशों को तनाव और अस्थिरता का असली भेंट चढ़ने वाला समझता है।ईरान की संसद की विदेश नीति और राष्ट्रीय सुरक्षा आयोग के सदस्य ने म्यांमार के मुस्लिम नरसंहार की निंदा करते हुए विश्व समुदाय से इस बारे में नोटिस लेने की मांग की और कहा कि इस अमानवीय घटना के सामने पश्चिमी देशों की चुप्पी और दोहरी नीति से पता चलता है कि पश्चिमी देशों के दृष्टिगत मानवाधिकार में मुसलमानों को किसी तरह का कोई अधिकार प्राप्त नहीं है।समाचार समाप्त......166