तेहरान की केन्द्रीय जुमे की नमाज़ के इमाम ने कहा है कि सीरिया में हालिया आतंकवादी कृत्य से सीरियाई राष्ट्र के बश्शार असद की सरकार के समर्थन के संकल्प पर प्रभाव नहीं पड़ेगा। आज तेहरान की केन्द्रीय जुमे की नमाज़ आयतुल्लाह अहमद ख़ातेमी की इमामत में अदा की गयी। उन्होंने बुधवार को सीरिया में हुए आतंकवादी कृत्य की निंदा करते हुए कहा कि आतंकवादियों को यह बात जान लेनी चाहिए कि इस प्रकार के अपराधों द्वारा उस व्यवस्था को नहीं गिरा सकते जिसका सीरियाई राष्ट्र समर्थन कर रहा है। आयतुल्लाह ख़ातेमी ने कहा कि सीरिया इसलिए पश्चिम और क्षेत्र के पिट्ठू शासनों के हमले का निशाना बना हुआ है क्योंकि वह क्षेत्र में ज़ायोनी शासन के अपराधों से संघर्ष का ध्रुव है। आयतुल्लाह ख़ातेमी ने बहरैन और सउदी अरब के राष्ट्रों के विरुद्ध आले ख़लीफ़ा और आले सऊद शासन की दमनकारी नीतियों की भर्त्सना करते हुए स्पष्ट किया कि बहरैन और सऊदी अरब के शासक यह जान लें कि इस प्रकार के व्यवहार के परिणाम में उनका भी अंजाम क्षेत्र के अपदस्थ तानाशाहों जैसा होगा। तेहरान की जुमे की नमाज़ के इमाम ने कहा कि बहरैनी राष्ट्र को एक स्वतंत्र जनमत संग्रह में भाग लेकर अपने भविष्य का निर्धारण करने दिया जाए। आयतुल्लाह ख़ातेमी ने इसी प्रकार म्यान्मार में मुसलमानों के निर्मम जनसंहार पर खेद व्यक्त करते हुए म्यान्मार के राष्ट्रपति के उस बयान को रद्द कर दिया जिसमें उन्होंने म्यान्मार में मुसलमानों को इस देश का नागरिक मानने से इंकार किया है। उन्होंने कहा कि म्यान्मार में सैकड़ों वर्षों से मुसलमान रह रहे हैं। आयतुल्लाह ख़ातेमी ने बल दिया कि म्यान्मार की सरकार इन अपराधों को तुरंत रोके और अंतर्राष्ट्रीय संगठन विशेष रूप से इस्लामी सहकारिता संगठन म्यानमार में इन अपराधों को रुकवाने के लिए तुरंत प्रयास करे। श्री आयतुल्लाह ख़ातेमी ने यह बयान करते हुए कि इस्लामी गणतंत्र ईरान के विरुद्ध पश्चिम के आर्थिक दबाव का कारण ईरान की दिन प्रतिदिन प्रगति से शत्रु का द्वेष है, स्पष्ट किया कि ईरानी राष्ट्र इस स्थिति में न केवल यह कि पश्चिम की साम्राज्यवादी इच्छाओं के सामने नहीं झुकेगा बल्कि वरिष्ठ नेता के सुझावों से लाभ उठाते हुए सभी समस्याओं पर क़ाबू पाकर शत्रु के षड्यंत्रों को नाकाम बना देगा।समाचार समाप्त.......166
19 जुलाई 2012 - 19:30
समाचार कोड: 330479
तेहरान की केन्द्रीय जुमे की नमाज़ के इमाम ने कहा है कि सीरिया में हालिया आतंकवादी कृत्य से सीरियाई राष्ट्र के बश्शार असद की सरकार के समर्थन के संकल्प पर प्रभाव नहीं पड़ेगा........