तेहरान की केंद्रीय नमाज़े जुमा आयतुल्लाह इमामी काशानी की इमामत में अदा की गयी. तेहरान के इमामे जुमा ने लाखों नमाज़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि इस्लामी क्रांति के आदर्श बनने और विभिन्न क्षेत्रों में ईरान के भरपूर विकास के कारण पश्चिमी देश ईरान के खिलाफ षड़यंत्र रच रहे हैं। आयतुल्लाह काशानी ने कहा कि पश्चिम ने ईरान पर दबाव डालने और धमकी देने के लिए ईरान के शांतिपूर्ण परमाणु कार्यक्रम को बहाना बना लिया है और वास्तव में पश्चिमी देश ईरान की परमाणु गतिविधियों से भयभीत नहीं हैं बल्कि अन्य देशों में इस्लामी क्रांति के प्रभाव से भयभीत हैं। तेहरान की केन्द्रीय नमाज़े जुमा के इमाम ने पश्चिमी प्रतिबंधों को ईरानी राष्ट्र के आत्मनिर्भर होने का सुनहरा अवसर बताया। उन्होंने कहा कि ईरानी राष्ट्र नवीनतम टेक्नालोजी की प्राप्ति की कोशिश जारी रखेगा और हम पश्चिमी देशों को नसीहत करते है कि ईरान पर प्रतिबंध लगाने और धमकी देने से परहेज करें और ईरानी राष्ट्र के साथ संवेदनशील रवैया अपनाए. तेहरान की केन्द्रीय नमाज़े जुमा के इमाम ने कहा कि ईरान में वास्तविक इस्लाम के आधार पर देश के संविधान के गठन से ईरान, स्वतंत्र, शक्तिशाली, आत्मनिर्भर देश में परिवर्तित हो चुका है और यह बात तानाशाहों के अधीन देशों के लोगों के लिए स्वतंत्रता की प्राप्ति और साम्राज्य विरोधी संघर्ष के लिए आदर्श बन चुका है। उन्होंने कहा कि बड़ी शक्तियाँ और तानाशाही सरकारों के हाथों लोगों के नरसंहार, उत्पीड़न, युद्ध और उग्रवाद भी क्षेत्र में साम्राज्य विरोधी आंदोलनों और इस्लामी जागरूकता का कारण बनी है। उन्होंने कहा कि इस्लामी क्रांति की बरकत से इस्लामी जागरूकता जोर पकड़ती जा रही है और विभिन्न देशों में फैल रही है। ..........166
7 जून 2012 - 19:30
समाचार कोड: 320751
इस्लामी क्रांति के आदर्श बनने और विभिन्न क्षेत्रों में ईरान के भरपूर विकास के कारण पश्चिमी देश ईरान के खिलाफ षड़यंत्र रच रहे हैं......