हिज़्बुल्लाह के महासचिव सैयद हसन नसरूल्लाह ने कहा है कि प्रतिरोध का समर्थन और उसकी उपलब्धियों के बारे में ईरान की अपरिहार्य और महत्वपूर्ण भूमिका किसी भी छिपी नहीं है। हिज़बुल्लाह के महासचिव सैयद हसन नसरूल्लाह ने बैरूत ईरान के राजदूत गज़ंफ़र रूकनाबादी से भेंट में क्षेत्र की स्थिति की ओर संकेत करते हुए शत्रुओं के मतभेद फैलाने के षड्यंत्रों से मुक़ाबले के लिए सावधानी की आवश्यकता पर बल दिया। इस भेंटवार्ता में लेबनान के संसद सभापति नबी ब्रिरी ने भी लेबनान और ईरान के अच्छे राजनीतिक, आर्थिक और संसदीय संबंधों की ओर संकेत करते हुए सभी क्षेत्रों में सहयोग में विस्तार की आवश्यकता पर बल दिया। लेबनान में इस्लामी गणतंत्र ईरान के राजदूत गज़ंफ़र रूकनाबादी ने भी इस भेंटवार्ता में अतिग्रहणकारी ज़ायोनी शासन के कब्ज़े से अतिग्रहित क्षेत्रों की स्वतंत्रता के लिए लेबनानी जनता की वीरता पर बल देते हुए ज़ायोनी शासन के पूर्ण विनाश और फिलिस्तीनियों के सभी अधिकारों की प्राप्ति तक क्षेत्र में प्रतिरोध और बलिदान की भावना बनी रहने की आवश्यकता पर बल दिया। उल्लेखनीय है कि पच्चीस मई वर्ष 2000 को लेबनान के इस्लामी प्रतिरोध ने ज़ायोनी सैनिकों को पराजित करके ज़ायोनी शासन को दक्षिणी लेबनान से पीछे हटने पर विवश कर दिया था।.......166
27 मई 2012 - 19:30
समाचार कोड: 318172
हिज़्बुल्लाह के महासचिव सैयद हसन नसरूल्लाह ने कहा है कि प्रतिरोध का समर्थन और उसकी उपलब्धियों के बारे में ईरान की अपरिहार्य और महत्वपूर्ण भूमिका किसी भी छिपी नहीं है......