1 जुलाई 2011 - 19:30

बहरैन में सऊदी अरब के सैनिकों के हाथों एक प्रदर्शनकारी के शहीद हो जाने के बाद सऊदी सेनाओं के विरुद्ध प्रदर्शन और तेज़ हो गए हैं। बृहस्पतिवार को सऊदी सैनिकों के हाथों एक बहरैनी नागरिक शहीद और एक अन्य घायल हो गया जिसके बाद विरोध प्रदर्शनों में एक नया मोड़ आ गया है।

बहरैन में सऊदी अरब के सैनिकों के हाथों एक प्रदर्शनकारी के शहीद हो जाने के बाद सऊदी सेनाओं के विरुद्ध प्रदर्शन और तेज़ हो गए हैं।
बृहस्पतिवार को सऊदी सैनिकों के हाथों एक बहरैनी नागरिक शहीद और एक अन्य घायल हो गया जिसके बाद विरोध प्रदर्शनों में एक नया मोड़ आ गया है।
आज बहरैन में भविष्य निर्धारण शुक्रवार के नाम से प्रदर्शन हुए जिनमें बहुत बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया।
बहरैन की आले ख़लीफ़ा सरकार ने प्रदर्शनों को कुचलने के लिए सऊदी अरब तथा संयुक्त अरब इमारात के सैनिक भी बुलवाएं और बर्बरतापूर्ण कार्यवाहियां कीं किंतु प्रदर्शन बंद नही हुए हैं। जनता का कहना है कि शाही सरकार के अंत तथा लोकतंत्र की स्थापना तक प्रदर्शन जारी रहेंगे।
इसी बीच बहरैन के विपक्षी नेताओं का कहना है कि सरकार ने प्रदर्शनों के दौराने होने वाली घटनाओं की जांच के लिए विशेष आयोग गठित करने तथा विरोधियों से बात करने के दो प्रस्ताव दिए हैं किंतु जनता को सरकार पर अब कोई भरोस नहीं रह गया है सरकार केवल अपने ऊपर पड़ने वाला दबाव कम करने के लिए इस प्रकार की दिखावटी घोषणाएं कर रही है।