सरकार के प्रवक्ता ने कहा है कि पड़ोसी तथा क्षेत्रीय देशों और विश्व के अन्य देशों के साथ संबन्ध बढ़ाना ईरान की सैद्धांतिक नीति है।
मुहम्मद बाक़िर नौबख़्त ने मंगलवार को तेहरान में संवाददाता सम्मेलन में कहा कि सऊदी सरकार के हालिया व्यवहार ने दर्शा दिया है कि उसमें ईरान के साथ संबन्ध विस्तार की क्षमता नहीं पाई जाती।
उन्होंने सऊदी अरब द्वारा ईरान के साथ संबन्ध विच्छेद करने के दुष्प्रभावों की ओर संकेत करते हुए कहा कि वर्तमान समय में बहुत से देश ईरान के साथ संबन्ध विस्तार के इच्छुक हैं, एेसे में रियाज़ की ओर से तेहरान के साथ संबन्ध विच्छेद से स्वयं सऊदी अरब को नुक़सान होगा।
नौबख़्त ने बल देकर कहा कि इस्लामी क्रांति की सफलता के बाद से तीन दशकों के दौरान कई देशों ने ईरान के साथ संबन्ध विच्छेद का अनुभव किया है।
उन्होंने कहा कि सऊदी अरब कूटनीति के मंच पर अनाड़ी है जिससे उसको क्षति होगी।
सरकार के प्रवक्ता ने इसी प्रकार जेसीपीओए के बारे में कहा कि ईरान, सामने वाले पक्ष के व्यवहार के अनुरूप जेसीपीओए को लागू करेगा।