संयुक्त राष्ट्र संघ के महासचिव बान की मून ने यमन में युद्ध विराम की अवधि न बढ़ाये जाने पर खेद प्रकट किया है।
समाचार एजेन्सी तसनीम की रिपोर्ट के अनुसार बान की मून ने यमन में युद्ध विराम की अवधि में वृद्धि न किये जाने पर खेद प्रकट किया और सऊदी अरब द्वारा यमन पर किये जाने आक्रमण को तुरंत बंद किये जाने की मांग की।
इसी प्रकार उन्होंने यमन में अकाल पड़ने की संभावना के प्रति चेतावनी दी। खाद्य पदार्थों को स्थानांतरित करने के लिए यमन में पांच दिवसीय युद्ध विराम हुआ था जो रविवार की आधी रात को समाप्त हो गया।
इसी मध्य यमन की सरकारी समाचार एजेन्सी सबा ने यमनी सेना के प्रवक्ता ग़ालिब लुकमान के हवाले से रिपोर्ट दी है कि हम यमन के मामलों में संयुक्त राष्ट्र संघ के विशेष दूत इस्माईल वलद अश्शेख अहमद की अस्थाई युद्ध विराम पर आधारित मांग का स्वागत करते हैं।
कर्नल ग़ालिब लुकमान ने घोषणा की है कि शत्रु की सेना की ओर से निरंतर अतिक्रमण के बावजूद युद्ध विराम की अवधि में वृद्धि हेतु हम संयुक्त राष्ट्र संघ की मांग का स्वागत करते हैं। यह एसी स्थिति में है जब सऊदी अरब के युद्धक विमानों ने युद्ध विराम समाप्त होने के बाद यमन के दक्षिणी प्रांत अदन के कई क्षेत्रों में बम्बारी की। यमन के एक सैनिक अधिकारी ने बल देकर कहा है कि सऊदी अरब, मंसूर हादी से संबंधित बलों और आतंकवादी गुट अलकायदा के तत्वों ने पांच दिनों के युद्ध विराम के दौरान २६९ से अधिक बार इस युद्ध विराम का उल्लंघन किया।
इस सैनिक सूत्र ने बताया है कि इस युद्ध विराम के उल्लंघन के दौरान सऊदी अरब ने यमन के सादा,हज्जा, अदन, शब्बू, लहज, अज़्ज़ालेअ, मारिब, तइज़ और अलजूफ के आवासीय क्षेत्रों पर आक्रमण किया।