23 दिसंबर 2024 - 08:56
   नमाज अदा करने पर है आपत्ति,बदायूं मे नफरत की आग, भारी बवाल

गांव के प्रधान दया राम ने बताया कि कुछ महीने पहले गांव में खाली पड़े एक घर में मदरसा बना दिया गया यहां बच्चे पढ़ने आने लगे, अब यहां नमाज अदा की जा रही है,हमारे मंदिर बंद हैं तो हम उन्हें नमाज कैसे पढ़ने दें?

मस्जिदों मे मंदिर की खोज करने की हिंदुत्ववादी संगठनों की मुहिम ने देश भर के भाईचारे को खत्म करते हुए नफरत का माहौल बना दिया है। देश भर में मंदिर-मस्जिद के नाम पर नफरत के बीज बोए जा रहे हैं। इसका असर जमीन पर भी दिखाई देने लगा है। उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में मंदिर-मस्जिद की सियासत चरम पर है। यूपी में कुछ ज्यादा ही मंदिर-मस्जिद की सियासत हो रही है। ऐसा ही मामला बदायूं ज़िले की कोतवाली बिसौली इलाक़े के ग्राम नागपुर में हुए जहां एक ख़ाली घर में नमाज़ अदा करने पर हिंदुत्ववादी संगठनों ने हंगामा खड़ा कर दिया। 

इस मामले को लेकर गांव के प्रधान दया राम ने बताया कि कुछ महीने पहले गांव में खाली पड़े एक घर में मदरसा बना दिया गया यहां बच्चे पढ़ने आने लगे, अब यहां नमाज अदा की जा रही है। गांव के प्रधान ने कहा कि हमारे मंदिर 50-50 सालों से बंद हैं और हमें पूजा करने की इजाजत नहीं है, तो हम उन्हें नमाज कैसे पढ़ने दें?