7 अक्टूबर 2024 - 10:36
ज़ायोनी सेना की दरिंदगी के बीच खामोश क्यों है लेबनान सेना

लेबनान की सेना को अमेरिका और सऊदी की मदद से हथियार मिलते हैं। दोनों लेबनान में इस्लामी क्रांति के खौफ से लेबनान सेना की मदद करते आए हैं लेकिन मदद भी ऐसी की वह इनकी मोहताज बन कर रहे। लेबनान की सेना के पास ऐसे सैन्य उपकरण नहीं हैं, जिसके बलबूते वे ज़ायोनी सेना से लोहा ले सके।

 लेबनान में ईरान जैसी इस्लामिक क्रांति से रोकने के लिए सऊदी और अमेरिका मिलकर काम करते रहे हैं अब जबकि लेबनान में ज़ायोनी बमबारी से भारी तबाही और मौतों के बाद ज़ायोनी सेना ने ज़मीनी अभियान शुरू कर दिया है यह सवाल ज़ोर पकड़ने लगे हैं कि लेबनान की सेना कहां है? क्या वह लेबनान के बॉर्डर पर तैनात नहीं है, क्या लेबनान की सुरक्षा की जिम्मेदारी गैर सरकारी मिलिशिया हिजबुल्लाह की है?

रविवार को स्काई न्यूज को दिए गए एक इंटरव्यू में लेबनान के कार्यवाहक प्रधानमंत्री नजीब मिकाती ने कहा कि लेबनानी सेना दक्षिण में अपनी उपस्थिति बढ़ाने और इस्राईल और हिजबुल्लाह के बीच युद्ध विराम लागू करने के लिए तैयार है, बशर्ते उसे जरूर सैन्य उपकरण दिए जाए।  दर असल लेबनान की सेना को अमेरिका और सऊदी की मदद से हथियार मिलते हैं।  दोनों लेबनान में इस्लामी क्रांति के खौफ से लेबनान सेना की मदद करते आए हैं लेकिन मदद भी ऐसी की वह इनकी मोहताज बन कर रहे। लेबनान की सेना के पास ऐसे सैन्य उपकरण नहीं हैं, जिसके बलबूते वे ज़ायोनी सेना से लोहा ले सके।