24 अप्रैल 2024 - 06:34
ख़ैरो बरकत कब होगी ?

एक दूसरे से मोहब्बत करते रहें, नमाज पढ़ते रहें, मेहमान की इज़्ज़त करते रहें।

رسول اكرم صلى الله عليه و آله

لا تَزالُ اُمَّتى بِخَيرٍ ما تَحابّوا وَ اَقامُوا الصَّلاةَ و َآتَوُا الزَكاةَ و َقَروا الضَّيفَ... ؛

रसूले अकरम (स.अ.)

मेरे उम्मती हमेशा ख़ैरो बरकत को देखेंगे जब तक कि वह

1.  एक दूसरे से मोहब्बत करते रहें,

2.  नमाज पढ़ते रहें,

3.  ज़कात अदा करते रहें

4.  मेहमान की इज़्ज़त करते रहें।

(अमाली ए शेख तूसी पेज न. 647 हदीस न. 1340)