जवाद ज़रीफ़ ने संयुक्त राष्ट्र संघ की सुरक्षा परिषद में 2231 प्रस्ताव पारित होने की छठीं वर्षगांठ पर गुटेरस को ख़त लिखा और इसमें पश्चिमी देशों की ओर से की गई वादाख़िलाफ़ियों की ब्योरा बयान किया जो संयुक्त राष्ट्र संघ के सचिवालय में दर्ज हो गया।
यह पत्र और इसके साथ ही परमाणु समझौते के संदर्भ में पश्चिमी देशों की वादाख़िलाफ़ियों के बारे में दस्तावेज़ों को फ़ार्सी और अंग्रेज़ी भाषा में प्रकाशित किया जाएगा।
जवाद ज़रीफ़ की ओर से तैयार किए गए यह सारे दस्तावेज़ 200 पृष्ठों पर आधारित हैं जिन्हें ईरान के विदेश मंत्रालय के अंतर्राष्ट्रीय अध्ययन केन्द्र की ओर से प्रकाशित किया जाएगा जबकि इसका डिजिटल वरजन सार्वजनिक किया जा चुका है। यह सारे दस्तावेज़ अगले हफ़्ते तक किताब के रूप में बाज़ार में आ जाएंगे।
सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव 2231 के अनुसार ईरान पर लगे सारे हथियार प्रतिबंध समाप्त हो चुके हैं।
अमरीका ने संयुक्त राष्ट्र संघ के प्रस्तावों को नज़रअंदाज़ करते हुए एटमी डील के बारे में अपनी प्रतिबद्धताओं पर अमल नहीं किया है।