7 अक्टूबर 2020 - 19:14
हाथरस गैंगरेप मामला, नीचता पर उतर आए हैं भाजपा नेता, समर्थन में सभा, चरित्रहीन और अब आवारा तक कह डाला पीड़िता को

हाथरस गैंगरेप मामले में भाजपा के एक अन्य नेता ने दलित युवती के चरित्र पर कीचड़ उछालते हुए उसे आवारा बताया है।

इससे पहले भाजपा के एक नेता ने आरोपियों के समर्थन में सभा की थी जबकि दूसरे ने कहा था कि अगर माता-पिता अपनी बेटियों को सही संस्कार दें तो बलात्कार रुक जाएंगे।

उत्तर प्रदेश के बाराबंकी से भाजपा नेता रंजीत बहादुर श्रीवास्तव ने दावा किया कि 19 वर्षीय दलित युवती का आरोपी के साथ संबध था और उसने आरोपी को बाजरे के खेत में मिलने के लिए बुलाया था जहां वह 14  सितम्बर को वह मृत पाई गई थी।

अपने फेसबुक पर शेयर किए गए एक वीडियो में उन्होंने कहा कि सब बातें सोशल मीडिया और चैनलों पर भी आ चुकी हैं, ये जितनी लड़कियां इस तरह की मरती हैं वो कुछ ही जगहों पर पाई जाती हैं।

उन्होंने कहा कि आख़िर ये घटनाएं इन्हीं जगहों पर क्यों होती हैं? उनका कहना था कि यह पूरे देश स्तर पर जांच का विषय है, मैंने ग़लत नहीं कहा है लेकिन लड़की दोषी नहीं है, लड़के दोषी हैं।

भाजपा नेता ने इस बात पर बल दिया कि युवती के प्रेम प्रसंग की जानकारी होने के बाद उसके परिवारवालों ने ही उसे मार दिया होगा।

ज्ञात रहे कि एफएसएल रिपोर्ट में युवती के साथ बलात्कार न किए जाने के उत्तर प्रदेश सरकार के दावे के बावजूद पीड़िता और परिवार ने कहा कि 19 वर्षीय युवती पर हमला किया गया और ठाकुर समुदाय के चार युवकों द्वारा उत्पीड़न किया गया।

श्रीवास्तव ने चारों आरोपियों का बचाव करते हुए कहा कि जब तक मामले में चार्जशीट दाख़िल नहीं हो जाती, उन्हें रिहा किया जाना चाहिए।

भाजपा नेता ने कहा कि मैं गैरेंटी के साथ कह सकता हूं कि ये लड़के निर्दोष हैं, अगर उन्हें समय पर रिहा नहीं किया गया तो वे मानसिक प्रताड़ना झेलते रहेंगे, उनकी खोई हुई जवानी को कौन लौटाएगा? क्या सरकार उन्हें मुआवज़ा देगी?