27 अगस्त 2020 - 12:58
दक्षिणी लेबनान पर हमला करके भूकंप लाना चाहता है इस्राईल! सीमा पर घटना से मचे हड़कंप के बाद अपनी ताक़त का बखान करने लगे हैं इस्राईली विशेषज्ञ

इस्राईल इस समय पूरी ताक़त से हिज़्बुल्लाह आंदोलन के ख़िलाफ़ मनोवैज्ञानिक युद्ध में लगा हुआ है ताकि सीमा पर उसे व्यापक टकराव से बचने का रास्ता मिल जाए। इसी संदर्भ में इस्राईल के हेब्रू भाषा के अख़बार यदीऊत अहारोनोत के सामरिक मामलों के विशेषज्ञ एलेक्स फ़िशमैन ने यह ख़ुलासा किया कि हिज़्बुल्लाह आंदोलन के प्रमुख सैयद हसन नसरुल्लाह इस्राईल पर बड़ा घातक और दर्दनाक वार करने की घात में हैं।

यह दमिश्क़ एयरपोर्ट के क़रीब एक ठिकाने पर इस्राईल के हवाई हमले में हिज़्बुल्लाह के एक कमांडर की शहातद के इंतेक़ाम की कार्यवाही होगी।

विशेषज्ञ ने तेल अबीब में उच्च पदस्थ सुरक्षा अधिकारियों के हवाले से लिखा कि अगर हिज्बुल्लाह ने इस्राईल पर हमला किया तो इस्राईल ने इस स्थिति में दक्षिणी लेबनान पर बड़ा हमला करने की योजना बना रखी है। इस्राईल वह कार्यवाही करेगा कि दक्षिणी लेबनान की ज़मीन कांपने लगेगी और वहां बसने वालों को सामूहिक रूप पलायन करना पड़ेगा। जब हज़ारों की संख्या में लोग पलायन करेंगे तो हिज़्बुल्लाह दबाव में आएगा।

इस्राईली सामरिक विशेषज्ञ का कहना है कि कल की रात लेबनान की सीमा पर जो घटना हुई है उसके जवाब में इस्राईल ने अपनी इस व्यापक योजना पर अमल नहीं किया क्योंकि कल की घटना में कोई इस्राईली सैनिक घायल नही हुआ जिसकी वजह से इस्राईली सेना ने अपनी यह योजना टाल दी है। इसकी एक वजह यह भी है कि सितम्बर महीने से इस्राईल में शैक्षणिक साल शुरू हो रहा है।

इस्राईली सुरक्षा एजेंसियों के क़रीब समझी जाने वाली वल्ला वेबसाइट ने अपने विशेषज्ञ बोहबूत के हवाले से लिखा कि इस्राईली सेना ने पूरी घटना को अच्छी तरह समझ  लिया और इस घटना की प्रवृत्ति को देखते हुए कोई बड़ा हमला करने का फ़ैसला नहीं किया।

स्वतंत्र पर्यवेक्षकों का कहना है कि इस्राईली सेना हिज़्बुल्लाह से दबने लगी है और इस कोशिश में रहती है कि हिज़्बुल्लाह से टकराव न शुरू हो क्योंकि विशेष रूप से अगर कहीं ज़मीनी टकराव शुरू हो गया तो इस्राईली सैनिक हिज़्बुल्लाह के सामने नहीं टिक पाएंगे।