उन्होंने गुरुवार को पत्रकार सम्मेलन में कहा कि विदेशमंत्री माइक पोम्पियो से कहा है कि संयुक्त राष्ट्र संघ की सुरक्षा परिषद को बताएं कि अमरीका, ईरान के विरुद्ध प्रतिबंधों की वापसी के मैकेनिज़्म पर आगे बढ़ रहा है। उन्होंने दावा किया कि यह कोई सामान्य कार्यवाही नहीं है।
अमरीकी राष्ट्रपति ने दावा किया कि ईरान के पास अब ज़्यादा पैसे नहीं हैं कि वह आतंकवादियों का समर्थन करे, यह उनके लिए आसान नहीं है। उन्होंने दावा किया कि मेरी सरकार इस बात की अनुमति नहीं देगी कि ईरान की परमाणु शर्तें जारी रहें और ईरान कभी भी परमाणु हथियारों से संपन्न नहीं हो सकता।
अमरीकी राष्ट्रपति ने एक बार फिर दावा किया कि अगर वह चुनाव में जीतते हैं, तो ईरान, एक महीने में अमरीका से समझौते की इच्छा करेगा।
उन्होंने कहा कि ईरान के परमाणु समझौते के साथ क्षेत्र में शांति की स्थापना संभव नहीं है।
अमरीकी राष्ट्रपति ने संयुक्त अरब इमारात और इस्राईल के बीच संबंधों की ओर संकेत किया और कहा कि वह देश जिनके बारे में आप विश्वास भी नहीं कर सकते वे भी इस्राईल से समझौते की इच्छा ज़ाहिर कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि सऊदी अरब से भी उम्मीद है कि वह भी इस्राईल के साथ समझौता कर ले।
अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने इराक़ी प्रधानमंत्री के अमरीका दौरे की ओर संकेत किया और इराक़ में अमरीकी सैनिकों की उपस्थिति के बारे में कहा कि हमको इराक़ नहीं जाना चाहिए था, मध्यपूर्व में हमारी उपस्थिति एक एतिहासिक ग़लती थी।
उन्होंने कहा कि 19 साल से हम मध्यपूर्व में पुलिस का काम कर रहे हैं, अब इन देशों को अपनी सुरक्षा ख़ुद की करनी चाहिए।