सूडान के संसद में " नजवा क़दहुद्दम" का शोक मनाया गया जिन्हें इस्राईल और सूडान के बीच संबंध सामान्य बनाने की नायिका समझा जाता है और इस्राईल की पूरी मेडिकल टीम की जी तोड़ मेहनत के बावजूद कोरोना की वजह से उनका निधन हो गया।
सूडान की अंतरिम संसद ने एक बयान जारी करके कहा है कि राष्ट्र प्रमुख अब्दुलफत्ताह अलबुरहान और उनके सहयोगी मुहम्मद हमदान दक़लू, ने सूडानी कूटनैतिक, कदहुद्दम के निधन पर शोक प्रकट किया है जिन्हे अरब मीडिया गत फरवरी के महीने मे युगांडा में नेतेन्याहू और अलबुरहान के मध्य होने वाली भेंट की संयोजक कहा जाता है।
बयान में " नजवा क़दहुद्दम " के निधन की सूचना दी गयी है लेकिन मृत्यु का कारण नही बताया गया है। बयान में इसी तरह कहा गया है कि उन्होंने सूडान के विदेश संबंधों को आगे बढ़ाया है।

सूडानी मीडिया " नजवा क़दहुद्दम" के निधन की खबर दी थी जो एक सूडानी मूल की कूटनयिक थीं और युगेंडा के राष्ट्रपति की सलाहकार भी थीं।
सूडानी मीडिया के अनुसार " नजवा क़दहुद्दम" की मौत कोरोना कीवजह से हुई। उन्हें सोमवार को अस्पताल में भर्ती किया गया था लेकिन बुधवार को उनकी मौत हो गयी।
इसी मध्य इस्राईल के चैनल-13 ने अपनी एक रिपोर्ट में बताया है कि इस्राईल का एक छोटा विमान , एक मेडिकल टीम और उपकरणों के साथ सूडान की राजधानी खरतूम गया था ताकि युगेंडा की कूटनयिक " नजवा क़दहुद्दम" को बचाया जा सके। इस तरह से इस्राईली मीडिया ने उन खबरों की पुष्टि कर दी जिनमें कहा जा रहा था कि एक इस्राईली विमान सूडान में उतरा है हालांकि सूडान की सरकार ने इस खबर का कड़ाई से खंडन किया था।
इस्राईली टीवी चैनल ने यह भी बताया है कि इस विमान पर एक इस्राईली अधिकारी भी सूडान गया था जो वास्तव में सूडान और इस्राईल के बीच संबंधों का प्रभारी है।
दो दिन पहले नेतेन्याहू ने बताया था कि उनके और अलबुरहान के बीच फिर से संपर्क हुआ है और इस बात चीत के दौरान इस्राईल व सूडान के बीच संबंधों पर बात हुई। इसके साथ ही उन्होंने कहा था कि इस्लामी देश, इस्राईल के साथ संबंध बनाने में रुचि ले रहे हैं।
इस्राईली टीवी ने अपने सूत्रों के हवाले से बताया है कि सूडान के अंतरिम प्रमुख और इस्राईली प्रधानमंत्री के बीच होने वाली बात चीत में नजवा क़दहुद्दम" के बचाने के लिए इस्राईल से प्राइवेट जहाज़ भेजने की संभावना पर भी चर्चा की गयी। इस्राईल ने युगेंडा की राजनयिक को बचाने के लिए डाक्टरों की एक टीम को साधनों से लैस करके निजी विमान से सूडान भेजा था और कार्यक्रम के अनुसार इस उड़ान को खुफिया रखा जाना था मगर सूडान और इस्राईल में कुछ लोगों ने इसे ट्रेक कर लिया।
दर अस्ल नजवा " क़दहुद्दम" को जब कोरोना हुआ तो इस्राईल ने मदद की इच्छा प्रकट की जिसके बाद उसने एक मेडिकल टीम के साथ एक पूरा जहाज़ सूडान भेज दिया।
इस्राईल के लिए अरब और इसलामी देशों से संबंध बनाना काफी महत्वपूर्ण है और वह समझता है कि इस तरह से वह धीरे धीरे पूरी दुनिया में औपचारिक रूप से स्वीकार कर लिया जाएगा। Q.A. इनपुट, अलजज़ीरा और रायुलयौम से