11 मई 2020 - 19:12
जब तक मुहम्मद बिन सलमान सत्ता में हैं सऊदी अरब और अमरीका का सहयोग पनप नहीं पाएगाः वाशिंग्टन पोस्ट

अमरीकी पत्रकार जैक्सन डील ने वाशिंग्ट पोस्ट में सऊदी डाक्टर से मिलने वाला सबक़ शीर्षक के तहत एक लेख लिखा है जिसमें पत्रकार का कहना है कि सऊदी क्राउन प्रिंस मुहम्मद बिन सलमान अमरीका के बहुत से आदेशों की उपेक्षा कर रहे हैं।

उन्होंने सऊदी अरब में क़ैद अमरीकी नागरिकों की रिहाई और तेल का उत्पादन घटाने के बारे में अमरीकी सरकार का आदेश नहीं माना।

सऊदी अरब को अच्छी तरह पता है कि उसकी हिफ़ाज़त अमरीका कर रहा है लेकिन फिर भी अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प की तेल उत्पादन कम करने की मांग बिन सलमान ने नहीं मानी। यही वजह है कि अब ट्रम्प का ग़ुस्सा आसमान पर पहुंच गया है उन्होंने हालिया दिनों में सऊदी क्राउन प्रिंस मुहम्मद बिन सलमान से अपनी टेलीफ़ोनी वार्ता में धमकी दी कि अगर सऊदी अरब ने तेल का उत्पादन कम न किया तो अमरीका अपने सैनिक सऊदी अरब से वापस बुला लेगा।

ट्रम्प की धमकी के बाद बिन सलमान ने तेल का उत्पादन कम तो किया लेकिन तब तक अमरीकी कंपनियों के तेल की क़ीमत शून्य से नीचे जा चुकी थी।

इस लेख में सऊदी मूल के अमरीकी डाक्टर वलीद फ़ुतैही के बारे में बताया गया है कि वह सऊदी अरब में क़ैद थे और हाल में उन्हें रिहाई मिली है। सऊदी प्रशासन ने उन्हें दो साल तक क़ैद में रखा जहां बुरी तरह उन्हें यातनाएं दी गईं। किसी ज़माने में फ़ुतैही सऊदी अरब और अमरीका के बीच एक मज़बूत कड़ी समझे जाते थे। यहीं से समझ में आता है कि अपने घटकों के साथ अमरीका के संबंधो में बड़े विरोधाभास है।

इन देशों को अमरीका से मदद मिलती है मगर वह अमरीकी हितों को नज़रअंदाज़ करते रहते हैं। फ़ुतैही तो आज़ाद हो गए लेकिन अब भी सलाह अलहैदर और बद्र अलइब्राहीम जैसे सऊदी मूल के अमरीकी नागरिक सऊदी अरब की जेलों में हैं।