सय्यद हसन नस्रुल्लाहः

आतंकवादी समूह यज़ीद और बनी उमय्या का अनुयायी हैं

  • News Code : 783160
  • Source : अबना
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कर्बला में दो दृष्टिकोण और नज़रिये मौजूद थे एक दृष्टिकोण हज़रत इमाम हुसैन (अ) का नज़रिया था जो रसूले इस्लाम स. की विचारधारा का प्रतीक था और एक नज़रिया यज़ीद का नज़रिया था जो इस्लाम के लिबास में बनी उमय्या के दृष्टिकोण पर आधारित था

अहलेबैत न्यूज़ एजेंसी अबना: अल-अहेद समाचार एजेंसी के अनुसार हिज़बुल्लाह लेबनान के प्रमुख सैयद हसन नस्रुल्लाह ने मुहर्रम के आगमन पर लेबनान वासियों को संबोधित करते हुए कहा है कि जब इस्लामी प्रतिरोध ने 200 में दुश्मन को लक्ष्य तक पहुंचने से रोका तो उसे उस समय सफलता मिल गई बल्कि इस्लामी प्रतिरोध को सफलता से बढ़ कर जीत भी नसीब हुई जिसमें इस्लामी प्रतिरोध ने अपने लक्ष्यों को क्रियात्मक बना दिया।
सैयद हसन नस्रुल्लाह ने कहा कि कर्बला में दो दृष्टिकोण और नज़रिये मौजूद थे एक दृष्टिकोण हज़रत इमाम हुसैन (अ) का नज़रिया था जो रसूले इस्लाम स. की विचारधारा का प्रतीक था और एक नज़रिया यज़ीद का नज़रिया था जो इस्लाम के लिबास में बनी उमय्या के दृष्टिकोण पर आधारित था जब हम इन दो नज़रियों की लोक और परलोक के मानकों को मद्देनज़र रखते हुए समीक्षा करेंगे तो उस समय हम सफलता और हार की बात कर सकते हैं।
सयद हसन नस्रुल्लाह ने कहा कि आईएस और उससे जुड़े आतंकवादी समूह बेरहम और क्रूर तरीक़े से नरसंहार करके लोगों की गर्दनें काट कर अल्लाह की नज़दीकी हासिल करना चाहते हैं वह यज़ीद की संतानें हैं। यह आतंकवादी समूह वास्तव में यज़ीद और बनी उमय्या का अनुयायी हैं और यज़ीद के रास्ते पर अग्रसर है।


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