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ज़ायोनी सैनिकों के हिंसक व्यवहार से अब तक सैकड़ों फ़िलिस्तीनी शहीद व घायल।

  • News Code : 764659
  • Source : तेहरान रेडियो
Brief

ज़ायोनी सेना के कमान्डर यारेव बिन इज़्रा ने एक फ़िलिस्तीनी घायल की इस्राइली सैनिक के हाथों हत्या की बात स्वीकार की है।

ज़ायोनी सेना के कमान्डर यारेव बिन इज़्रा ने एक फ़िलिस्तीनी घायल की इस्राइली सैनिक के हाथों हत्या की बात स्वीकार की है।
इस घायल फ़िलिस्तीनी का नाम अब्दुल फ़त्ताह अश्शरीफ़ है जो कई हफ़्ते पहले पश्चिमी तट में ज़ायोनी सैनिक की गोली से उस वक़्त शहीद हुआ जब वह ज़मीन पर घायल पड़ा था और एक ज़ायोनी सैनिक ने उसके सिर पर गोली मारी।
ज़ायोनी कमान्डर यारेव बिन इज़्रा ने इस बात को मानते हुए कि फ़िलिस्तीनी जवान अब्दुल फ़त्ताह अश्शरीफ़ की हत्या का कोई औचित्य नहीं था कहा कि ज़मीन पर पड़े फ़िलिस्तीनी जवान पर फ़ायरिंग करने का कोई औचित्य नहीं था क्योंकि उसकी ओर से कोई ख़तरा नहीं था।
पिछले हफ़्तों के दौरान फ़िलिस्तीनियों के ख़िलाफ़ ज़ायोनी सैनिकों के हिंसक व्यवहार से अब तक सैकड़ों फ़िलिस्तीनी शहीद व घायल हुए हैं जिसके कारण यूरोपीय देशों सहित विश्व स्तर पर जनमत में चिंता की लहर दौड़ गयी है।
कुछ दिन पहले स्वीडन की विदेश मंत्री मारगॉट वॉलस्ट्रॉम ने इस्राइली सैनिकों के हाथों क़ानून के उल्लंघन व फ़िलिस्तीनियों के जनसंहार की भर्त्सना करते हुए बल दिया कि इस्राइल बिना न्यायिक कार्यवाही के फ़िलिस्तीनियों को जान से मार रहा है।
ज़ायोनी शासन द्वारा फ़िलिस्तीनियों का जनसंहार, जातीय सफ़ाए व मानवता के ख़िलाफ़ अपराध की स्पष्ट मिसाल है। हालिया वर्षों में इस्राईल के जघन्य अपराध से पूरी दुनिया के लोग दुखी हुए हैं।
इस बात में शक नहीं कि फ़िलिस्तीन की निहत्थी जनता के ख़िलाफ़ ज़ायोनी शासन की हिंसक कार्यवाही जनेवा सहित अंतर्राष्ट्रीय कन्वेन्शनों का खुला उल्लंघन है जिस पर अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिक्रियाएं सामने आयी हैं।
हालिया महीनों में फ़िलिस्तीनियों के ख़िलाफ़ ज़ायोनी शासन की दमनात्मक कार्यवाही के ताज़ा आंकड़े, दयनीय त्रासदी का पता देते हैं।
ज़ायोनी शासन हिंसक व्यवहार व भय फैलाकर क्षेत्र में अपनी विस्तारवादी नीति को आगे बढ़ाना चाहता है यही कारण है कि दुनिया वाले अपनी आंखों से फ़िलिस्तीनियों के ख़िलाफ़ इस अपराधी शासन द्वारा थोपी गयी त्रासदी को देख रहे हैं।


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