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लेबनान से इस्राईली जासूस फ़रार, ट्रम्प ने कहा हमने बनाई थी योजना

लेबनान से इस्राईली जासूस फ़रार, ट्रम्प ने कहा हमने बनाई थी योजना

अमरीकी विमान से एक इस्राईली जासूस के लेबनान से बाहर फ़रार हो जाने के बाद लेबनान की सैन्य अदालत के प्रमुख ने त्यागपत्र दे दिया है। इसी मध्य अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने स्वीकार किया है कि इस्राईली जासूस को उनके आदेश से लेबनान से फ़रार कराया गया है।

एक विशेष अमरीकी विमान गुरुवार को बैरूत में अमरीकी दूतावास के प्रांगड़ में लैंड करता है और फिर वह ज़ायोनी शासन के जासूस अलफ़ाख़ूरी को लेबनान से बाहर पहुंचा देता है।

इस घटना के बाद लेबनान की सैन्य अदालत के प्रमुख हुसैन अब्दुल्लाह ने अपना त्यागपत्र दे दिया। लेबनान की सैन्य अदालत के प्रमुख हुसैन अब्दुल्लाह ने कहा कि मैंने जो शपथ उठाई थी उसके सम्मान और अपनी सैन्य प्रतिष्ठा के दृष्टिगत लेबनान की सैन्य अदालत के प्रमुख के पद से त्यागपत्र दे दिया है।

उन्होंने कहा कि एक ऐसी अदालत से अलग हो रहा हूं जहां क़ानून पर अमल और एक जासूस को फ़रार का रास्ता दिखाना, एक क़ैदी का दर्द और एक जज का विश्वासघात, सब बराबर है।

ज्ञात रहे कि ज़ायोनी शासन का जासूस आमिर अलफ़ाख़ूरी लेबनानी और अमरीकी नागरिक है और पिछले वर्ष सितम्बर में अमरीका से लेबनान वापसी पर उसको गिरफ़्तार किया गया था।

लेबनान पर अवैध क़ब्ज़े के दौरान वह दक्षिणी लेबनान की अलख़याम जेल में एक सैन्य कमान्उर था और ज़ायोनी शासन के लिए जासूसी करता था।  1998 में फ़ाख़ूरी लेबनान से फ़रार कर गया किन्तु उसके अपराधों के दृष्टिगत लेबनान की अदालत ने उसकी अनुपस्थिति में चलने वाले मुक़द्दमे में उसको 15 साल सश्रम क़ैद की सज़ा सुनाई थी।

लेबनान की सैन्य अदालत ने 16 मार्च 2020 को अमरीका के दबाव में अभियोजन वकील की यह दलील मान ली कि उस पर जो आरोप लगाए गये हैं वह काफ़ी पुराने हैं और यूं अलफ़ाख़ूरी को जो अलख़याम जेल के क़साई के नाम से प्रसिद्ध था, ज़ायोनी शासन के लिए जसूसी करता था, रिहा करने का आदेश जारी कर दिया।

इसी मध्य अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने स्वीकार किया है कि अमरीकी सैनिकों ने उनके आदेश पर ज़ायोनी शासन के जासूस को लेबनान से बाहर फ़रार कराने में मदद की।  उन्होंने एक प्रेस कांफ़्रेंस में कहा कि हमने पूरी गंभीरता के साथ अलफ़ाख़ूरी को रिहा कराने और लेबनान से बाहर फ़रार करने की योजना पर काम किया।


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