• ईरान का इस्लामी इंक़ेलाब सुप्रीम लीडर की ज़बानी

    ईरान के इस्लामी इंक़ेलाब के सुप्रीम लीडर हज़रत आयतुल्लाहिल उज़्मा ख़ामेनई ने 14 जनवरी 1984 को इस्लामी इंक़ेलाब की सालगिरह के दस दिवसीय समारोह "अशरए फ़ज्र" के दिनों में एक प्रेस रिपोर्टर को इंटरव्यू देते हुए इस्लामी इंक़ेलाब की कामयाबी के दिनों की यादों का ताजा करते हुए कहा:

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  • सुप्रीम लीडर के बयान की रौशनी में

    औरत इस्लाम की नज़र में (1)

    अरब के उस ज़माने में जब हर तरफ़ जिहालत और गवार पन था और औरत सुसाइटी के लिये एक कलंक समझी जाती थी.....

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  • ईरान का इस्लामी इंक़ेलाब सुप्रीम लीडर की ज़बानी

    ईरान के इस्लामी इंक़ेलाब के सुप्रीम लीडर हज़रत आयतुल्लाहिल उज़्मा ख़ामेनई ने 14 जनवरी 1984 को इस्लामी इंक़ेलाब की सालगिरह के दस दिवसीय समारोह "अशरए फ़ज्र" के दिनों में एक प्रेस रिपोर्टर को इंटरव्यू देते हुए इस्लामी इंक़ेलाब की कामयाबी के दिनों की यादों का ताजा करते हुए कहा:

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  • सुप्रीम लीडर के बयान की रौशनी में

    नबी की सीरत (चरित्र) हर ज़माने की ज़रूरत

    आज हमारी क़ौम को पैग़म्बरे अकरम स. की सीरत, उनके अख़लाक़, उनके बताए हुए रास्ते, उनके चरित्र, उनके मैसेज, उनके निर्देशन और उनकी उस रहमत की ज़रूरत है जिसके द्वारा आपने इन्सानों को मुहब्बत, भाई चारे और इन्सानियत की शिक्षा दी

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  • एकता का अर्थ, सुप्रीम लीडर के बयान की रौशनी में

    जब हम मुसलमानों के बीच एकता की बात करते हैं तो हमें पता होना चाहिये कि इस एकता का क्या मतलब है। इसका मतलब बिल्कुल साधारण और साफ़ है

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  • दुरूद पढ़ने का तरीक़ा

    यह एक निश्चित और तय बात है कि खुद पैग़म्बरे इस्लाम (स.अ) ने मुसलमानों को दुरुद पढ़ने का यह तरीक़ा सिखाया है जिस समय यह आयत नाज़िल हुई तो मुसलमानों ने हज़रत (स.) से पूछा: हम कैसे दरुद पढ़ें?

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  • लोगों के बीच सुलह सफ़ाई कराने का सवाब

    लोगों के बीच सुलह सफ़ाई कराने का अल्लाह तआला ने हुक्म दिया है और अल्लाह के पैग़म्बरों की भी एक ज़िम्मेदारी थी कि समाज में मतभेदों को दूर करते हुए शांति बनाए रखें और इस रास्ते में किसी भी कोशिश से वह पीछे नहीं रहे।

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  • 28 सफ़रः

    28 सफ़र रसूले इस्लाम स. और इमाम हसन अ. की शहादत

    इलाही पैग़म्बरों की एक अहेम ज़िम्मेदारी जेहालत, बेदीनी, अंध विश्वास के विरुद्ध संघर्ष और अन्याय, ज़ुल्म और मानवाधिकारों के हनन के ख़ेलाफ़ आंदोलन छेड़ना था।

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  • 28 सफ़रः

    28 सफ़र दो महान हस्तियों के ग़म मनाने का दिन

    इमाम हसन अलैहिस्सलाम की शहादत और अल्लाह के भेजे हुए आख़री नबी यानि उनके नाना पैग़म्बरे इस्लाम हज़रत मुहम्मद मुस्तफ़ा सल्लल्लाहो अलैहे व आलेही वसल्लम के इस दुनिया से कूच करने की तारीख़ एक ही है।

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  • सजना सवंरना दीन की निगाह में

    आजकल बहुत कम ऐसे लोग मिलेंगें जो घर से निकलते टाइम एक निगाह आइने पर न करते हों, कपड़ों का सेट होना, ज़ाहिरी हुलिया का आम लोगों की बीच जाते समय ठीक ठाक करना एक आदत और आम चलन बन गया है....

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  • मोहम्मद अली जावेदानः

    हम इसी समय क़यामत में हैं मगर हमारी आँखों के सामने परदे हैं।

    हम सोचते हैं कि दुनिया अस्ल है और बाक़ी सारी चीज़ें उसके चारो ओर घूम रही हैं लेकिन अस्ल और वास्तविकता केवल क़यामत है और हम इस समय क़यामत में हैं लेकिन हमारी आखों पर परदे पड़े हैं और इसी कारण हम इसे देख नहीं पा रहे हैं। क़ुरआने करीम फ़रमाता है .....

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  • इस्लाम के राजनीतिक दृष्टिकोणः

    इस्लाम में स्वतंत्रता (3)

    यह निश्चित बात है मनुष्य का सामाजिक जीवन विभिन्न मरहलों से गुज़रता है। एक युग में दासता का मुद्दा प्रचलित था और मनुष्य की उन्नति, प्रगति व विकास इसी में समझा जाता था कि कमज़ोर और निर्धन लोग दूसरों की दासता करें और उनकी हर संभव सेवा करें।

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  • इस्लाम के राजनीतिक दृष्टिकोणः

    इस्लाम में स्वतंत्रता (1)

    हमने इस्लाम में राजनीति के महत्व को बयान करते हुए कहा था कि शासन और राजनीतिक मुद्दे, इस्लाम की मूल सिद्धांतों का एक अंश हैं। इससे पहले हमने इशारा किया था कि कुछ लोगों ने समाज में खलबली मचाने और जनता के विचारों को ख़राब करने के लिए इस्लामी शासन के बारे में बहुत से संदेह प्रचलित किये हैं जिनमें से एक संदेह यह था कि धर्म का क्षेत्रफल, सांसारिक मुद्दों से भिन्न है और उसे सांसारिक समस्याओं में हस्तक्षेप करने का अधिकार नहीं है और यह कि सांसारिक कार्यों में धर्म का हस्तक्षेप, धर्म को शोभा नहीं देता है।

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  • ग़दीर का संदेश

    ईदे ग़दीर मोमिनों के लिए बहुत बड़ी ईद है बल्कि इस्लाम की सारी ईदों में सबसे सर्वश्रेष्ठ (अफ़ज़ल) है और अल्लाह तआला की निगाह में उसका महत्व ईदुल फ़ित्र और ईदुल अज़्हा से भी ज़्यादा है

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  • क़यामत अर्थात महाप्रलय

    रहमत, अल्लाह तआला की विशेषताओं में है जिसका मतलब यह है कि अल्लाह तआला अपनी मख़लूक़ की ज़रूरतों का पूरा करने वाला है और उनमें से हर एक को कमाल व कौशल की तरफ़ रहनुमाई करके उसके मुनासिब स्थान तक पहुँचाता है। इंसानी ज़िन्दगी की विशेषताएं साफ़ तौर पर इंसान की अनन्त ज़िन्दगी को बयान करती हैं इसलिए एक ऐसी जगह होना ज़रूरी है कि जहाँ इंसान अनन्त ज़िन्दगी बिता सके।..........

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  • ईदे ग़दीरः

    ग़दीर पर रसूले इस्लाम (स.अ.) का विशेष ध्यान

    हज़रत मोहम्मद मुस्तफ़ा सल्लल्लाहो अलैहे व आलेही वसल्लम को भी ग़दीर का उतना ही ख़्याल था जितना की अल्लाह को, और उस साल बहुत सारी क़ौमें और क़बीलें हज के सफ़र पर निकले थे।

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  • इस्लाम के राजनीतिक दृष्टिकोण

    धार्मिक दृष्टि से राजनीति का महत्व (3)

    हमारे व्यवहार व चरित्र और कामों के स्वीकारात्मक और नकारात्मक महत्व के अनुसार अर्थात हमारे कार्य, व्यवहार और चरित्र के लिए महत्व को सिद्ध करना या नकारना, कभी इतना स्पष्ट व रौशन होता है कि जिस को बुद्धि सरलता से समझ लेती है और शास्त्र नियामक की ओर से बयान करने की आवश्यकता नहीं होती है..........

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  • इस्लाम के राजनीतिक दृष्टिकोण

    धार्मिक दृष्टि से राजनीति का महत्व (2)

    इस्लामी गणतंत्र ईरान की एरोनैटिक संस्था के प्रमुख मनू चेहेर मुत्तकी ने कहा है कि ईरानी विशेषज्ञ आधुनिक ड्रोन विमान बना रहे हैं..........

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  • इस्लाम के राजनीतिक दृष्टिकोण

    धार्मिक दृष्टि से राजनीति का महत्व (1)

    इस्लाम के राजनीतिक दृष्टिकोणों के अंतर्गत हमने इस्लामी स्रोत अर्थात कुरआने मजीद, हदीस सुन्नते रसूल (सल्लल्लाहो अलैहे व आलिही वसल्लम) और बुद्धि के अंतर्गत बयान किया कि इस्लाम ने आंतरिक जीवन और विभिन्न सामाजिक एंव व्यक्तिगत समस्याओं को बयान किया है।..........

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  • इस्लाम के राजनीतिक दृष्टिकोणों पर चर्चा की आवश्यकता 2

    यहां पर एक और महत्वपूर्ण विषय भी है कि जिस पर स्थायी रूप से और अलग तरीक़े से चर्चा हो सकती है, परन्तु इस समय केवल उसकी ओर इशारा करेंगे।..........

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  • इस्लाम के राजनीतिक दृष्टिकोणों पर चर्चा की आवश्यकता

    इस चर्चा के महत्व और आवश्यकता को स्पष्ट करने के लिए एक सारांशिक दृष्टि अपने देश के इतिहास और वर्तमान युग के इस्लामी देशों पर डालना अत्यन्त आवश्यक है जैसा कि आप समस्त आदरणीय श्रोता जानते हैं कि भौतिकवादी, सत्तालोभी और अपनी बात को मनवाने वाले अल्पसंख्यक मनुष्य सदैव इतिहास में अशांति एंव उपद्रव का कारण बनते थे और बनते हैं और जितना मनुष्य का जीवन और शासनिक सिद्धांत, क़ानून, ज्ञान और जानकारियां उन्नति एंव विकास की ओर आगे बढ़ रही हैं अशांति एंव उपद्रव की गति भी ज्ञानात्मक रूप में और इसी प्रकार सिद्धांतों के आधार पर अधिक सूक्ष्म होती जा रही है।..............

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  • अन्य धर्मों को मानने वाले इमाम खुमैनी की दृष्टि में

    यहूदी ईसाई और इस्लाम को इब्राहीमी या आसमान से उतरे दीन (REVEALED RELGONS) कहा जाता है जो पैग़म्बरों और आसमानी किताबों की छोड़ी निशानी हैं यह दीन जहाँ यह कहते हैं कि उनसे पहले के दीन में उन की सच्चाई बयान हुई और उनके आने की खबर दी गई है वहीँ ख़ुद को आख़री दीन मानते और अपने बाद धर्मों को रद्द करते हैं

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  • इस्लामी शासन में जनता की भूमिका और कुछ अन्य प्रश्न

    आज के युग में इन्हीं आवश्यक और अनिवार्य प्रश्नों में से एक प्रश्न यह है कि इस्लामी शासन में जनता की भूमिका क्या है? जनता के अधिकार और उनके कर्तव्य क्या हैं? इन्हीं प्रश्नों में से एक प्रश्न यह भी है कि इस्लामी ईशदूत हज़रत मुहम्मद सल्ल्लाहो अलैहे व आलिही वसल्लम, माननीय हज़रत इमाम अली अलैहिस्सलाम और माननीय हज़रत इमाम हसन अलैहिस्सलाम के शासनकालों की रूपरेखाएं क्या थीं?..........

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  • इस्लामी शासन की वास्तविकता और उसके स्तंभ अथवा मूलतत्व

    जिन लोगों ने शासन के बारे में यूरोप के विभाजन को स्वीकार किया है और जिनको विश्वास है कि शासन दो हाल से ख़ाली नहीं है, शासन या अधिनायकतंत्र है या लोकतंत्र, अब यहां प्रश्न उत्पन्न होता है कि क्या इस्लामी शासन अधिनायकतंत्र है अर्थात जो भी शासन करता है

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  • इस्लाम और उसके राजनीतिक दृष्टिकोण

    जब हम यह चर्चा करते है कि इस्लाम, राजनीति और शासन के बारे में एक विशेष दृष्टिकोण रखता है जो विशेष सिद्धांतों और नियमों पर निर्भर है तो सबसे पहले यह प्रश्न उत्पन्न होता है कि क्या धर्म को राजनीति और शासन के बारे में कोई विशेष दृष्टिकोण रखना चाहिए .........

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  • रमज़ान का पवित्र महीना

    पवित्र रमज़ान का महीना, ईश्वर के बनाए हुए महीनों में सर्वोत्तम है। पवित्र क़ुरआन इसी महीने में उतरा है। धार्मिक कथनों में आया है कि आकाश और स्वर्ग के द्वार इस महीने में खोल दिये जाते हैं जबकि नरक के द्वार बंद हो जाते हैं..........

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  • अच्छा दोस्त मानसिक प्रगति में मददगार होता है

    बचपन में बेहतरीन मित्र, रूझहान और दूसरे अन्य अतिक्रमणकारी कार्य से दूर रखने में सहायक होते हैं। बच्चे के बुद्धि और शारीरिक विकास में बेहतरीन मित्र का त्वरित प्रभाव पड़ता है......

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پیام رهبر انقلاب به مسلمانان جهان به مناسبت حج 1440 / 2019
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